इस साल अपने बजट भाषण में वित्त मंत्री ने खेती में productivity और adaptability को प्राथमिकता के रूप में पेश किया। इस पहल का उद्देश्य प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देना, दालों, तिलहनों और सब्जियों के उत्पादन को बढ़ाना, कृषि अनुसंधान में सुधार करना और जलवायु अनुकूल फसलों को प्राथमिकता देना है। ये लक्ष्य महत्वपूर्ण और जरूरी हैं, लेकिन इनके साथ उर्वरक क्षेत्र खासकर यूरिया को लेकर भी सुधार की जरूरत होगी।
